मनरेगा में फर्जीवाड़ा: सिसवा ब्लॉक के सेमरी गांव में सरकारी धन की लूट उजागर
- By UP Samachaar Plus --
- Friday 10 Jan, 2025
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मुख्य संपादक - ओंकार नाथ वर्मा
UP Samachar Plus
महराजगंज, 10 जनवरी। जिले के सिसवा विकास खंड के ग्राम सेमरी में मनरेगा योजना में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। प्रधान और रोजगार सेवक की मिलीभगत से फर्जी हाजिरी भरकर सरकारी धन की बंदरबांट की जा रही है। सरकार जहां ग्रामीणों को रोजगार उपलब्ध कराने के बड़े-बड़े दावे करती है, वहीं यहां ग्रामीणों के अधिकारों का खुलेआम हनन हो रहा है।
फर्जी हाजिरी, कार्य का नामोनिशान नहीं
ग्राम सेमरी में नहर से राजेउन के खेत तक कुलावा सफाई कार्य के लिए वर्क कोड संख्या 3152005013/IC/958486255823611941 के तहत मस्ट्रोल 11605 से 11607 तक जारी किया गया। लेकिन वास्तविकता यह है कि मौके पर कोई काम नहीं हो रहा । रोजगार सेवक द्वारा जितने दिनों का जियो-टैग किया गया है, उसमें किसी भी मजदूर के कार्यरत होने के सबूत नहीं मिले। हालात यह हैं कि जिस कुलावा की सफाई के लिए मस्ट्रोल जारी किया गया, उसमें पानी भरा हुआ है। सवाल यह उठता है कि पानी भरे कुलावा में सफाई कैसे संभव है?
संपर्क करने पर प्रधान और रोजगार सेवक मौन
जब इस मामले में प्रधान और रोजगार सेवक से बात करने की कोशिश की गई, तो उन्होंने फोन तक नहीं उठाया। इससे स्पष्ट है कि मामले को लेकर उनकी नीयत पर सवाल उठते हैं।
इस प्रकार का भ्रष्टाचार आखिर किसके संरक्षण में हो रहा है? ग्रामीणों के अधिकारों की इस तरह अनदेखी और सरकारी धन की बंदरबांट ने प्रशासनिक तंत्र की भूमिका पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।

